- सूरह संख्या
- 101
- आयतें
- 11
- अवतरण
- मक्की
- पारा
- 30
- मुसहफ़ के पृष्ठ
- 600
सुनें · Mishary Rashid Alafasy
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ
ٱلْقَارِعَةُ ﴿١﴾
1खड़खड़ाने वाली
مَا ٱلْقَارِعَةُ ﴿٢﴾
2वह खड़खड़ाने वाली क्या है
وَمَآ أَدْرَىٰكَ مَا ٱلْقَارِعَةُ ﴿٣﴾
3और तुम को क्या मालूम कि वह खड़खड़ाने वाली क्या है
يَوْمَ يَكُونُ ٱلنَّاسُ كَٱلْفَرَاشِ ٱلْمَبْثُوثِ ﴿٤﴾
4जिस दिन लोग (मैदाने हश्र में) टिड्डियों की तरह फैले होंगे
وَتَكُونُ ٱلْجِبَالُ كَٱلْعِهْنِ ٱلْمَنفُوشِ ﴿٥﴾
5और पहाड़ धुनकी हुई रूई के से हो जाएँगे
فَأَمَّا مَن ثَقُلَتْ مَوَٰزِينُهُۥ ﴿٦﴾
6तो जिसके (नेक आमाल) के पल्ले भारी होंगे
فَهُوَ فِى عِيشَةٍۢ رَّاضِيَةٍۢ ﴿٧﴾
7वह मन भाते ऐश में होंगे
وَأَمَّا مَنْ خَفَّتْ مَوَٰزِينُهُۥ ﴿٨﴾
8और जिनके आमाल के पल्ले हल्के होंगे
فَأُمُّهُۥ هَاوِيَةٌۭ ﴿٩﴾
9तो उनका ठिकाना न रहा
وَمَآ أَدْرَىٰكَ مَا هِيَهْ ﴿١٠﴾
10और तुमको क्या मालूम हाविया क्या है
نَارٌ حَامِيَةٌۢ ﴿١١﴾
11वह दहकती हुई आग है
क़ुरआन का पाठ: तंज़ील प्रोजेक्ट (tanzil.net), उस्मानी लिपि, हूबहू प्रति, CC BY 3.0। अनुवाद: सुहेल फ़ारूक़ ख़ान और सैफ़ुर्रहमान नदवी।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
सूरह Al-Qari'ah में कितनी आयतें हैं?
सूरह Al-Qari'ah में 11 आयतें हैं।
सूरह Al-Qari'ah मक्की है या मदनी?
सूरह Al-Qari'ah मक्की सूरह है, मुसहफ़ के क्रम में 101वीं।
सूरह Al-Qari'ah किस पारे में है?
सूरह Al-Qari'ah पारा 30 में है, मदीना मुसहफ़ के पृष्ठ 600 पर।